क़ुरआन 55:60 — सर्वकारुणिक (अल-रहमान)
هَل جَزاءُ الإِحسٰنِ إِلَّا الإِحسٰنُ
क्या भलाई का परिणाम कुछ अच्छाई के सिवाय कुछ और हो सकता है?
[55:59] तुम्हारे प्रभु की किस अद्भुत बात को तुम इनकार कर सकते हो?
[55:61] तुम्हारे प्रभु की किस अद्भुत बात को तुम इनकार कर सकते हो?